swamii

मुमुक्षु आश्रम के प्रमुख स्‍वामी चिन्‍मयानंद पर अपनी ही शिष्या के साथ बलात्कार का आरोप है. उसके खिलाफ शाहजहांपुर कोतवाली में में धारा-376,506 आईपीसी के तहत मुकदमा दर्ज है. जिसे अब योगी सरकार  वापस लेने जा रही है.

नौ मार्च, 2018 को जिला मजिस्‍ट्रेट, शाहजहांपुर के कार्यालय से जारी हुए पत्र में केस वापस लेने के आदेश दिए गए है, बता दें कि कुछ दिनों पहले ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वामी चिन्मयानंद के आश्रम में आयोजित मुमुक्ष युवा महोत्सव में भाग लिया था.

योगी आदित्यनाथ के साथ शाहजहांपुर के सीडीओ और एडीएम (प्रशासन) जितेंद्र शर्मा भी कार्यक्रम शामिल थे. जिनके आदेश पर मुकदमा वापसी की प्रक्रिया शुरू की गई है. बता दें कि स्वामी चिन्मयानंद वाजपेयी सरकार में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री थे.

बदायूं निवासी साध्वी चिदर्पिता नामक महिला ने 2011 में स्वामी चिन्मयानंद पर शाहजहांपुर कोतवाली में 30 नवंबर 2011 को दुष्कर्म करने और जान से मारने की धमकी देने का मामला दर्ज कराया था.

Chinmyanand rape case

जिसके बाद गिरफ्तारी से बचने के लिए स्वामी ने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर स्टे दिया था. तब से केस लंबित चला आ रहा है.

वहीँ पीड़िता के पति का कहना है कि बलात्कार पीड़िता को इंसाफ दिलाना किसी सरकार का पहला कर्तव्य होना चाहिए. यह एक महिला से जुड़ा केस है, इसमें सरकार को पीड़ित की मदद करनी चाहिए न कि केस ही वापस लेना चाहिए.

मुस्लिम परिवार शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें

Loading...

विदेशों में धूम मचा रहा यह एंड्राइड गेम क्या आपने इनस्टॉल किया ?