मुंबई। कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिए जारी 21 दिनों के लॉकडाउन के बीच बुधवार को एक व्यक्ति ने अपने छोटे भाई की हत्या कर दी, क्योंकि लॉकडाउन के बावजूद वह घर से बाहर निकला था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।

पश्चिमी उपनगरीय कांदिवली के एक अधिकारी ने कहा कि राजेश लक्ष्मी ठाकुर ने बुधवार रात लॉकडाउन के बारे में बार-बार चेतावनी के बावजूद घर से बाहर निकलने के कारण अपने छोटे भाई दुर्गेश की हत्या कर दी। उन्होंने बताया कि मृतक पुणे में एक निजी फर्म में काम करता था, जो कोरोना वायरस के प्रकोप के कारण घर लौट आया था।

अधिकारी ने बताया कि जब दुर्गेश बाहर घूमने के बाद घर वापस आया, तो आरोपी और उसकी पत्नी ने उस पर नाराजगी जाहिर की और फिर उनके बीच तीखी बहस हो गई, जिसके बाद आरोपी ने उस पर किसी धारदार चीज से हमला कर दिया। उन्होंने बताया कि पीड़ित को पास के एक अस्पताल में ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है।

इससे पहले झारखंड में लॉकडाउन के दौरान लोगों को घर में रहने की सलाह देने पर दुकानदार की पीट-पीटकर हत्या की घटना सामने आयी थी। घटना बुधवार को पलामू जिले के चाक उदयपुर में हुई थी, जहां 45 वर्षीय काशी साव ने गांव के चार लोगों को गांव में घूमने की बजाय घर में रहने की सलाह दी थी।

काशी एक किराने की दुकान चलाता है और ये हमलावर उसकी दुकान पर पहुंचे थे और फिर वहां पर तोडफ़ोड़ की गई थी। यहीं पर उसे पीटा गया और बाद में गंभीर हालात में उसे अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, गंभीर चोट आने के कारण काशी साव ने दम तोड़ दिया।

Loading...
लड़के/लड़कियों के फोटो देखकर पसंद करें फिर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें

 

विज्ञापन