उग्रवादी बने कश्मीरी युवक ने लगाए गंभीर आरोप – बिना किसी अपराध के चार साल रखा गया था जेल में

जम्मू-कश्मीर के पीर पंचाल के रहने वाले जुबैर अहमद तुर्रे पिछले कई दिनों से लापता है. वह पुलिस हिरासत से अचानक लापता हुआ था. अब उसका एक वीडियो सामने आया है.

इस वीडियो में उसने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उसे बिना किसी अपराध के चार साल जेल में रखा गया था. जिसकी वजह से वह हथियार उठाने के लिए मजबूर हुआ. वीडियो में जुबैर को हथियारों के साथ नजर आ रहा है. वीडियो में उसने काह कि उसके पास इसके अलावा कोई और रास्ता नहीं बचा था.

जुबैर ने कहा कि उसे और उसके परिवार पर अत्याचार किया गया. उसे बिना किसी अपराध के चार साल जेल में गुजराने पड़े. उसे जेल में रखने के लिए उस पर आठ बार पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) के तहत मामला दर्ज किया गया. उसने बताया कि वह रिहाई के लिए हाई कोर्ट तक गया लेकिन उसे कोई राहत नहीं मिली. उसने बताया कि उसके पिता ने उसे रिहा कराने की हर मुमकिन कोशिश की लेकिन कोई सफलता नहीं मिली.

ध्यान रहे कश्मीर में 1978 से लागू पीएसए एक्ट के तहत आरोपी को छह महीने तक बगैर आधिकारिक मुकदमे के पुलिस हिरासत में रखा जा सकता है. जुबैर को 2014 में पहली बार पत्थरबाजी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था.

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