प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूपी के फतेहपुर में रविवार को हिंदुत्व कार्ड खेलते हुए हिन्दू मतों के धुर्विकरण करने की कोशिश की हैं. उन्होंने मुस्लिमों का नाम लिए बिना शब्दों का खेल खेला. उन्होंने कहा कि लोगों में धर्म और जाति के नाम पर भेदभाव नहीं होना चाहिए, गांव में कब्रिस्तान बनता है तो श्मशान भी बनना चाहिए, रमजान में बिजली आती है तो दिवाली में भी आनी चाहिए.

उत्तर प्रदेश के तीसरे चरण के मतदान के दौरान सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास के वनवास को चौदह वर्ष हो गये हैं और अब इस वनवास को समाप्त होना चाहिए. उन्होंने उत्तर प्रदेश की अखिलेश सरकार पर सरकारी धन लुटाने का आरोप लगाते हुए कहा कि पैसे लुटाकर सरकार ने सोचना था कि लोगों की आंखों में धूल झोंक देंगे किन्तु जनता सब कुछ जानती है. नरेंद्र मोदी ने उत्तर प्रदेश में कांग्रेस-समाजवादी पार्टी गठबंधन पर कटाक्ष करते हुए कहा कि हाथ तो पकड़ लिया पर अब पता चला कि रास्ता कठिन है.

पीएम ने आगे कहा कि दो डूबते लोग साथ आ गए हैं. पहले एक पार्टी जो देश में अन्य राज्यों में सफल नहीं हुई वो यूपी में जीतने के लिए आई लेकिन जब देखा कि कुछ नहीं होने वाला नहीं है तो दूसरे के पास गई. दोनों ने सोचा तू भी डूब रहा है और मैं भी चलो हाथ पगड़ लें, साथ बच जाएंगे. पीएम ने आगे कहा कि जब दोनों साथ निकले रथ पर तो तार लटक रहे थे, अखिलेश जी के नए साथी डरे हुए थे की कहीं करंट ना लग जाए लेकिन अखिलेश नहीं क्योंकि पता था सिर्फ तार है इनमें बिजली नहीं है.

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सपा उम्मीदवार गायत्री प्रजापति पर लगे रेप के आरोपों पर पीएम ने कहा कि अखिलेश ने चुनाव अभियान प्रजापति के चुनाव प्रचार से शुरू किया. यूपी जानना चाहती है कि क्या सपा-कांग्रेस गठबंधन प्रजापति जितना पवित्र है? सपा के कार्यकाल में पुलिस थाना, सपा के कार्यालय में बदल गए. सुप्रीम कोर्ट को आदेश देना पड़ा कि गायत्री प्रजापति के खिलाफ FIR लिखो. जिस प्रदेश में न्याय के लिए सुप्रीम कोर्ट को बीच में आना पड़ा, उस प्रदेश में कौन सा काम किया अखिलेश जी?

मोदी ने कहा कि यूपी में कानून व्यवस्था नहीं होने की वजह से यहां के लोग सुरक्षित नहीं हैं. यहां रोजगार, उद्योग नहीं लग रहा है, इसलिए यहां से पलायन हो रहा है. आज दलित, शोषित, पीड़ित और गरीब सबसे ज्यादा जुल्म का शिकार हो रहे हैं, लेकिन सरकार इसकी सुध नहीं ले रही. बीजेपी की सरकार बनेगी तो जिस-जिस की जमीन छीनी गई है, उसे उसकी जमीन लौटाई जाएगी. हमारी सरकार गरीब के लिए है.

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