मध्य प्रदेश में सीएम शिवराज सिंह चौहान को इंदौर दौरे के दौरान कथित तौर पर ठंडा खाना दिये जाने के चलते खाद्य निरीक्षक मनीष स्वामी को निलंबित कर दिया गया था। हालांकि अब खुद सीएम शिवराज सिंह के आदेश पर अधिकारी को फिर से बहाल कर दिया गया है।

जानकारी के अनुसार, सीएम शिवराज सिंह चौहान बुधवार को इंदौर में 50 करोड़ के विकास कार्यों का शुभारंभ करने पहुंचे थे। कार्यक्रमों में व्यवस्थता होने के कारण सीएम खाना नहीं खा पाए थे और उन्होंने कलेक्टर मनीष सिंह को भोजन की व्यवस्था करने को कहा था। कलेक्टर के निर्देश पर खाद्य अधिकारी मनीष स्वामी ने सीएम के पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के समय के अनुसार, खाना शाम 6 बजे ही बनवा लिया था, लेकिन सीएम दो घंटे लेट हो गए खाना ठंडा हो गया और रोटियां सख्त हो गई थीं, ठंडी और सख्त रोटियां मिलने पर सीएम शिवराज ने नाराजगी जाहिर की थी जिसके बाद कलेक्टर मनीष सिंह ने खाद्य निरीक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था।

हालांकि अब एक आधिकारिक विज्ञप्ति में शिवराज सिंह का बयान सामने आया। इसमें कहा गया, “मैं एक आम आदमी हूं। सूखी चपातियां खाने में मुझे कोई समस्या नहीं है। मेरे भोजन के लिए किसी अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करना उचित नहीं लगता। अगर मुझे जिलों की यात्रा के दौरान असुविधा का सामना करना पड़ता है, तो मैं इसे दिल से नहीं लगाता।”

इस मामले को लेकर मध्य प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को निशाने पर लिया। जीतू पटवारी ने कहा कि शिवराज सिंह चौहान खुद को किसान का बेटा बताते हैं। लेकिन एक अधिकारी को इसलिए सस्पेंड कर दिया जाता है क्योंकि खाना ठंडा था। आपके राज मे कई लोग भूखे सो जाते हैं। ये शर्मनाक है।

वहीं कलेक्टर मनीष सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि प्रोटोकॉल के तहत जिस गुणवत्ता वाला खाना होना चाहिए था, उसमें चूक हुई है। इसलिए मनीष स्वामी पर कार्रवाई की गई है।

Loading...
विज्ञापन
अपने 2-3 वर्ष के शिशु के लिए अल्फाबेट, नंबर एंड्राइड गेम इनस्टॉल करें Kids Piano