Saturday, November 27, 2021

योगी सरकार विवाह पंजीकरण को मुस्लिमों पर जबरदस्ती न थोपे: दारूल उलूम देवबंद

- Advertisement -

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा शादियों के लिए विवाह पंजीकरण को अनिवार्य किये जाने को लेकर दारूल उलूम देवबंद ने नाराजगी जाहिर की है. दारूल उलूम की और से कहा गया कि मुस्लिमों पर ये जबरदस्ती न थोपा जाए.

फ्ती अबुल कासिम नोमानी बनारसी ने कहा कि इसे मुस्लिमों पर जबरदस्ती थोपा नहीं जाना चाहिए। ऐसा करना धार्मिक स्वतंत्रता का उल्लघंन होगा. उन्होंने कहा कि धार्मिक तौर पर शादी सिर्फ निकाह करने से हो जाती है. हम शादी के पंजीकरण के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन ऐसा न करने वालों को कानूनी हुकूक से वंचित करने की बात उत्पीडऩ करने वाला निर्णय है.

वहीँ मौलाना अहमद खिजर शाह मसूदी ने कहा कि इस्लाम में शादी के दौरान काजी द्वारा जो निकाह पढ़ाया जाता है जिसे वह रजिस्टर में गवाहों के हस्ताक्षर समेत दर्ज कराता है, और यह रजिस्टर संवैधानिक रूप से अदालत में भी मान्यता प्राप्त है.

 मौलाना ने कहा कि विवाह रजिस्ट्रेशन न कराने वाले पर जुर्माना या उसके खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई किया जाना उचित नहीं है. क्योंकि इस्लाम में शादी के लिए निकाह ही काफी है.

- Advertisement -

[wptelegram-join-channel]

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles