मदनी साहब लीडर बनिए डीलर नहीं, ठेकेदारी के जमाने का दौर चला गया..

11:54 am Published by:-Hindi News
ma 7591

अगर आइडेंटिटी पॉलिटिक्स नहीं होती तो मायावती कभी इतने बड़े सूबे की मुख्यमंत्री नहीं बन पाती और न ही बहुजन मूवमेंट इस देश में उभर पाता। अखिलेश यादव से लेकर लालू यादव समाजिक गठजोड़ के तहत सत्ता में आए उसमें भी आइडेंटिटी पॉलिटिक्स को नकार नहीं सकते।

साउथ इंडिया में राजनीति की मुख्य धुरी ही आइडेंटिटी पॉलिटिक्स रही है जहाँ आइडेंटिटी से मुराद भाषा है। शिवसेना अकाली दल ये सब क्या हैं? ये सब भी तो आइडेंटिटी पॉलिटिक्स करती हैं।

पूरी दुनिया में लोग इस वक़्त अपनी आइडेंटिटी को लेकर लड़ रहे हैं, तमाम लोकतांत्रिक देशों में आइडेंटिटी पॉलिटिक्स इसवक़्त तेज़ी से पैठ बना रही है, क्योंकि अगर काले लोग अपनी आइडेंटिटी का आधार बनाकर राजनैतिक लड़ाई न लड़ते तो ख़ुद को सभ्य कहने वाले उन्हें कभी उनको उनका हक़ न देते। पूरा का पूरा टकराव ही आइडेंटिटी को लेकर है।

अगर आइडेंटिटी पॉलिटिक्स नहीं होती तो मायावती कभी इतने बड़े सूबे की मुख्यमंत्री नहीं बन पाती और न ही बहुजन मूवमेंट इस देश…

Majid Majaz ಅವರಿಂದ ಈ ದಿನದಂದು ಪೋಸ್ಟ್ ಮಾಡಲಾಗಿದೆ ಶುಕ್ರವಾರ, ನವೆಂಬರ್ 9, 2018

भारतीय संदर्भ में देखा जाए तो कभी कांग्रेस और भाजपा नहीं चाहती हैं कि बाक़ी के उपेक्षित समुदाय की आईडेंटिटी पॉलिटिक्स उभरे जबकि ये दोनों खुद दल सबसे बड़ी आइडेंटिटी पॉलिटिक्स करती हैं, इनकी पूरी पॉलिटिक्स ही ब्राह्मणवाद पर टिकी है और इनकी यही आइडेंटिटी है।

मै मदनी साहब की बहुत ही इज़्ज़त करता हूं, मुझे नहीं मालूम लेकिन अगर यह विडियो एडिट किया है तो बहुत ही गलत है?

Abdul H Khan ಅವರಿಂದ ಈ ದಿನದಂದು ಪೋಸ್ಟ್ ಮಾಡಲಾಗಿದೆ ಶುಕ್ರವಾರ, ನವೆಂಬರ್ 9, 2018

बाक़ी रही बात मदनी साहब की तो कल जो इन्होंने आइडेंटिटी पॉलिटिक्स के संदर्भ में बचकाना बयान या जानबूझ कर कहा है, इसपर पूर्णरूप से असहमत हूँ और इनका विरोध करता हूँ। मदनी साहब कोई पैग़म्बर नहीं हैं कि इनकी बातों पर असहमत न हुआ जाए। बहुत से अच्छे काम करते हैं पर जहाँ गलत हैं वहाँ गलत कहिए, बोलिए और खुलकर ऐसी बातों का विरोध कीजिए। बैलेंस मत बनाइए।

मदनी साहब से सवाल पूछिए, नम्बर हो तो काल करके पूछिए कि आख़िर आपको दिक्कत क्या है? ऐसे बयान देने से बेहतर है आप शुद्धरूप से राजनीति में क्यों नहीं आ जाते? लीडर बनिए डीलर नहीं। ठेकेदारी जमाने का दौर चला गया।

प्रोफेसर माजिद मजाज़ की फ़ेसबूक वाल से…

Loading...