महाराष्ट्र विधानसभा में बुधवार को शिवसेना प्रमुख और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) को पर जमकर अपनी भड़ास निकाली। उन्होंने कहा कि संघ के लोगों ने स्वतंत्रता संग्राम में भी हिस्सा नहीं लिया था और अब वे ‘भारत माता की जय’ का नारा लगाकर देशभक्त नहीं बन जाएंगे।

मोटेरा स्टेडियम का नाम बदलने पर उद्धव ने कहा कि हमें लगता है कि अब हम कोई मैच नहीं हारेंगे। क्योंकि स्टेडियम (मोटेरा) का नाम बदलकर नरेंद्र मोदी स्टेडियम कर दिया गया है। हमने छत्रपति शिवाजी महाराज के नाम पर हवाई अड्डे का नाम रखा है, लेकिन उन्होंने सरदार पटेल स्टेडियम का नाम बदल दिया है। हमें आपसे हिंदुत्व सीखना है।

उन्होंने कहा, ‘हिंदुत्व का ढिंढोरा पीटने वाली भाजपा का साहस तब कहां चला गया था जब बाबरी मस्जिद गिरी थी। हम तब भी हिंदू थे, आज भी हिंदू हैं और कल भी हिंदू रहेंगे। भाजपा हमें हिंदुत्व न सिखाए। हम झूठ नहीं बोलते हैं। जो कहते हैं करके दिखाते हैं। हम आपको विश्वास दिलाते हैं कि औरंगाबाद का नाम संभाजीनगर करके रहेंगे और विदर्भ को महाराष्ट्र के कतई अलग नहीं होने देंगे।’

उद्धव के मुताबिक, वहां किसान मुश्किल में हैं। उनकी बिजली और पानी की आपूर्ति काट दी गई है और उनके रास्ते में कीलें लगाई गई हैं। लेकिन वे चीन को देखते ही भाग जाते हैं। अगर चीन या बांग्लादेश के साथ सीमाओं पर इस तरह की तैयारी की गई, तो घुसपैठ नहीं होगी।

उद्धव की टिप्पणी पर महाराष्ट्र के नेता प्रतिपक्ष देवेंद्र फड़नवीस ने कहा कि ऐसा लगता है कि मुख्यमंत्री यह नहीं जानते कि आरएसएस के संस्थापक हेडगेवार भी एक स्वतंत्रता सेनानी थे। उन्होंने की चीन वाली टिप्पणी पर कहा कि यह हमारे सैनिकों का अपमान है। हमारे सैनिकों ने 30 डिग्री सेल्सियस तापमान पर चीनी का सामना किया। मैं उनके बयान की निंदा करता हूं।