तमिलनाडु विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रधानमत्री नरेंद्र मोदी को निशाने पर लेते हुए कहा कि सभी धर्मों को राजनीति से जुड़ना चाहिए, लेकिन मोदी सरकार बोलने की आजादी नहीं देती है.

राहुल ने आरोप लगाया, प्रधानमंत्री को लगता है कि तमिलनाडु उनके टेलीविजन की तरह है, वे रिमोट उठाएंगे और जो चाहेंगे कर सकते हैं. वो वॉल्यूम बढ़ाएंगे और दूसरी तरफ से सीएम जोर से बात करने लगेंगे. वो सोचते हैं कि तमिलनाडु के लोगों को नियंत्रित कर सकता हूं. लेकिन अब लोग रिमोट से बैटरी निकालकर फेंकने जा रहे हैं.

राहुल ने कहा, “मैं तमिलनाडु के मुख्यमंत्री से बहुत निराश हूं क्योंकि नरेंद्र मोदी के खिलाफ खड़े होने और सवाल पूछने की बजाय उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया है. आत्मसमर्पण का एक ही कारण है कि सीएम भ्रष्ट हैं और नरेंद्र मोदी के पास ED, CBI और दूसरे संस्थान हैं.”

उन्होंने कहा, मैं रात में सोने जाता हूं तो मुझे 30 सेकेंड में नींद आ जाती है, क्योंकि मैं मिस्टर मोदी से नहीं डरता हूं. तमिलनाडु के सीएम को कितना समया लगता है? वो रात में ठीक से सो नहीं सकते हैं. क्योंकि वो ईमानदार नहीं हैं. मुख्यमंत्री ईमानदार नहीं हैं, इसलिए वो मिस्टर मोदी के खिलाफ खड़े नहीं हो सकते हैं.

राहुल गांधी ने खुद को ईमानदार बताते हुए कहा कि यही वजह है कि नरेंद्र मोदी मुझ पर शिकंजा नहीं कस सकते हैं और लगातार निशाना साधते रहते हैं.

बता दें कि राज्य में 6 अप्रैल को विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। तमिलनाडु दौरे के दूसरे दिन राहुल गांधी ने तिरूनेलवेली में एक कार्यक्रम में हिस्सा लिया।