मालेंगाँव ब्लास्ट मामले में मुख्य आरोपी कर्नल प्रसाद श्रीकांत पुरोहित को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने पर आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुसलमीन (एआईएमआईएम) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र की मोदी सरकार को निशाने पर लिया.

उन्होंने कहा, मोदी  सरकार के सत्ता में आने के बाद से इस तरह के मामलों का एक पैटर्न दिख रहा है. सरकार जमानत और रिहाई के खिलाफ अपील नहीं कर रही है. क्या सरकार इस तरह के मामलों में नरमी बरत रही है?’

ओवैसी ने कहा है कि मालेगांव ब्लास्ट मामले में कर्नल पुरोहित के खिलाफ पूरे साक्ष्य हैं. ओवैसी ने कहा कि जनवरी 2009 में एटीएस ने जो चार्जशीट फाइल की थी उसमें सारे सबूतों का जिक्र था, ऑडियो-विडियो का जिक्र. एटीएस चार्जशीट के हवाले से ओवैसी ने कहा कि ब्लास्ट के लिए 4 बैठकें आयोजित की गई थीं और उन सबमें कर्नल पुरोहित मौजूद थे.

उन्होंने कहा, ‘लोक अभियोजक रोहिणी सालियान ने आरोप लगाया था कि उन पर एनआईए (राष्ट्रीय जांच एजेंसी) के अधिकारी मामलों को कमजोर करने का दबाव बना रहे हैं.’ उन्होंने कहा, 2014 में जबसे मोदी देश के पीएम बने हैं आप ऐसे केसों का एक पैटर्न देख सकते हैं जिनमें हिंदू संगठनों से जुड़े आरोपियों को राहत मिली है.

गौरतलब रहें कि महाराष्ट्र के नासिक जिले के मालेगांव में विस्फोट में सात लोगों की 29 सितंबर 2008 को मौत हो गई थी. जांच एजेंसी ने विस्फोट के लिए अभिनव भारत को जिम्मेदार ठहराया  था.

मुस्लिम परिवार शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें

Loading...

विदेशों में धूम मचा रहा यह एंड्राइड गेम क्या आपने इनस्टॉल किया ?