Friday, January 28, 2022

राजनीतिकरण के चलते ओवैसी ने की अयोध्या मामले की सुनवाई रोके जाने की मांग

- Advertisement -

‘आर्ट ऑफ लिविंग’ संस्था के प्रमुख श्री श्री रविशंकर द्वारा अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए मुस्लिमों को कथित तौर पर धमकाने के बाद अब आल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुसलिमीन (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने सुप्रीम कोर्ट से इस मामले में सुनवाई रोके जाने की मांग की है.

ओवैसी ने रविशंकर की और से दिए गए सीरिया वाले बयान का हवाला देते हुए कहा कि इस मामले का राजनीतिकरण किया जा रहा है. ओवैसी ने सुप्रीम कोर्ट से अपील करते हुए कहा कि अयोध्या मामले की सुनवाई 2019 लोकसभा चुनाव के बाद की जाए.

ओवेसी ने दावा किया कि अगर इस मामले की सुनवाई 2019 लोकसभा चुनाव के बाद होती है तो कोई फर्क नहीं पड़ेगा. ओवैसी ने कहा कि क्यों कोई उन पर उंगली नहीं उठाता जो भारत के सीरिया बन जाने की धमकियां दे रहे है. इस तरह के बयान वो देते हैं जो भारतीय संविधान या सुप्रीम कोर्ट में विश्वास नहीं रखते.

mad11

इसी बीच इतिहाद-ए-मिल्लत के प्रमुख मौलाना तौकीर रजा ने रविशंकर के बयानों पर सहमति जताते हुए कहा कि रविशंकर को भाजपा की कठपुतली के तौर पर देखा जाना गलत है. उन्होंने कहा कि सच्चाई यह है कि भाजपा कभी अयोध्या मसले को सुलझाना नहीं चाहती है. तौकीर रजा ने कहा कि रविशंकर देश प्रेम की भावना से काम कर रहे हैं. अच्छाई के लिए जो भी काम करे, उसका साथ अच्छाई में यकीन रखने वाले लोगों को भी देना चाहिए.

तौकीर रजा ने कहा, ‘जहां तक उनकी बात को मैंने समझा वो ये है कि कोर्ट से जो फैसला होगा वो एक पक्ष के लिए खुशी की बात होगी और दूसरे पक्ष के लिए गम की बात होगी. एक शौर्य दिवस मनाएगा तो दूसरा काला दिवस मनाएगा. ऐसा माहौल बनेगा तो देश के हालात बिगड़ने का खतरा है. होना ये चाहिए कि कोर्ट के फैसले से पहले ही इंसानियत के नाते दोनों पक्षों को बातचीत के लिए राजी करने की कोशिश की जाए. अगर बातचीत ऑउट ऑफ कोर्ट की जा सकती है तो ये कोशिश करनी चाहिए. अगर किसी नतीजे पर पहुंचने में कामयाबी मिलती है तो इससे अच्छी कोई बात नहीं. अगर ऐसा नहीं होता तो फिर जैसा चल रहा है, वैसे ही चलने दिया जाए यानि कोर्ट के फैसले का इंतजार किया जाए.’

- Advertisement -

[wptelegram-join-channel]

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles