Monday, September 20, 2021

 

 

 

देश में संवाद और चर्चा ‘असभ्य, एकतरफा और खतरनाक’ हो गई- यशवंत सिन्हा

- Advertisement -
- Advertisement -

yashwant sinha 660 070812121243 092817053521

नई दिल्ली । कभी अटल बिहार सरकार में वित्त मंत्री रहे यशवंत सिन्हा, आजकल मोदी सरकार के ख़िलाफ़ मुखर होकर बोल रहे है। कई मंचो पर वह मोदी सरकार की नीतियो की आलोचना कर चुके है। अब अपनी इसी मुखरता को और मुखर करने के लिए उन्होंने एक राजनैतिक मंच की स्थापना की है। इस मंच का गठन करते हुए उन्होंने देश के हालातों पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अब भीड़ का काम न्याय देने का हो गया है।

यशवंत सिन्हा ने मंगलवार को इस मंच की स्थापना की। इस मंच के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा की यह एक ग़ैर राजनीतिक मंच है। इस मंच के माध्यम से हम मोदी सरकार की नीतियो के ख़िलाफ़ आंदोलन शुरू करेंगे। चौकाने वाली बात यह रही की इस मंच को शुरू करने के कार्यक्रम में कई ग़ैर भाजपा नेता शामिल हुए। इसमें कांग्रेस नेता रेणुका चौधरी, आप सांसद संजय सिंह, रालोद नेता जयंत चौधरी,गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री सुरेश मेहता और जदयू नेता पवन वर्मा शामिल थे।

जबकि भाजपा के दिग्गज नेता शत्रुघन सिन्हा भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान यशवंत सिन्हा ने कहा,’ लोकतंत्र और उसकी संस्थाओं पर हमले हो रहे हैं। नरेंद्र मोदी सरकार ने किसानों को ‘भिखारियों की स्थिति’ में ला दिया है। यह सरकार अपने हितों के अनुरूप ‘मनगढ़ंत’ आंकड़े पेश करने कर रही है। फ़िलहाल देश में संवाद और चर्चा ‘असभ्य, एकतरफा और खतरनाक’ हो गई है।’

उन्होंने आगे कहा,’ डर में जी रहे हैं पूरे देश के लोग, पर भाजपा में सबसे ज्यादा डरे हुए हैं, हम नहीं। ऐसा लगता है कि भीड़ का काम न्याय देने का हो गया है।’ मंच की प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने कहा की किसानों के मुद्दे को उठाना उनके संगठन की शीर्ष प्राथमिकता होगी। वरिष्ठ नेता ने हालांकि दावा किया कि राष्ट्र मंच एक गैर दलीय राजनैतिक कार्रवाई समूह होगा। यह मंच किसी पार्टी के खिलाफ नहीं है और राष्ट्रीय मुद्दों पर जोर देने के लिए वह कार्य करेगा। यह कोई संगठन नहीं है, बल्कि राष्ट्रीय आंदोलन है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles