बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जातिगत जनगणना के आंकड़े सार्वजनिक करने की मांग की हैं. एशियन डेवलपमेंट रिसर्च इंस्टीट्यूट के सम्मेलन में बोलते हुए नितीश ने जनगणना के आंकड़ों से जाति की सीमा को तोड़ने में मदद मिलेगी. . स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य क्षेत्र में आंकड़ों की महत्वपूर्ण भूमिका के कारण विकास की योजनाओं में मदद मिलती है.

कार्यक्रम में रोजें में उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के पहुँचने पर नितीश ने आभार जताया हैं. इस मोके पर उपराष्ट्रपति ने आद्री के पुस्तक का विमोचन किया. उपराष्ट्रपति ने आद्री के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सामाजिक क्षेत्र में सबकुछ ठीक नहीं है. नीति बनाने और योजनाओं के क्रियान्वयन में स्तरीय आंकड़ों का बहुत महत्व है.उपराष्ट्रपति ने आंकड़ों की विश्वसनीयता और उनके विशेषता पर भी चर्चा की.

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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उपराष्ट्रपति के पटना एअरपोर्ट पहुंचने पर उनकी आगवानी भी की और कार्यक्रम में शामिल होने के लिए उनका आभार जताया.