राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने बुधवार को आतंकवाद से जुड़े एक मामले में पीडीपी नेता वहीद-उर-रहमान पर्रा को दिल्ली में गिरफ्तार किया। उनसे दिल्ली के एनआईए मुख्यालय में पूछताछ की जा रही है।

पर्रा ने हाल ही में दक्षिण कश्मीर के पुलवामा से जिला विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल किया था। आतंकवादी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से संबंधों के मामले में उनसे एनआईए पूछताछ कर रही।

वहीद उर रहमान की गिरफ्तारी को लेकर जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती (Mehbooba Mufti) मोदी पर भड़क उठी। उन्होने कहा कि जम्मू-कश्मीर में अगस्त 2019 से मुस्लिमों पर जुल्म करने का गुजरात मॉडल जोरों पर हैं। यह वही नया कश्मीर है, जिसमें वे चाहते हैं कि हम रहें।

उन्होंने कहा, “मैं व्यक्तिगत रूप से वाहिद की अखंडता, ईमानदारी और चरित्र के लिए जिम्मा ले सकती हूं। अब जल्द से जल्द वहीद की रिहाई सुनिश्चित करना और न्याय देना न्यायपालिका पर है।

महबूबा मुफ़्ती ने कहा, तत्कालीन गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने पीडीपी के वहीद उर रहमान पारा की तारीफ की थी. एनआईए ने बेबुनियाद आरोपों के आधार पर उन्हें आज गिरफ्तार किया। कोई संदेह नहीं है कि 20 नवंबर को उन्होंने डीडीसी के लिए नामांकन दाखिल किया और अगले दिन उन्हें समन मिल गया।

महबूबा मुफ्ती ने कहा, “इस आदमी (दविंदर सिंह) के साथ वहीद का कोई संबंध नहीं है और उस पर गलत आरोप लगाए जा रहे हैं। यह सब सिर्फ जम्मू और कश्मीर में पीडीपी और अन्य मुख्यधारा के राजनीतिक दलों को ब्लैकमेल और डराने के लिए किया जा रहा है।”

अनुच्छेद 370 को लेकर महबूबा मुफ्ती ने कहा, “गैरकानूनी तरीके से अनुच्छेद 370 हटाने के मामले को बीजेपी देश के हर कोने में भुना रही है, लेकिन कश्मीर की जनता अनुच्छेद 370 को हटाने को लेकर सवाल पूछती है तो उसे सजा दी जाती है। सभी जानते हैं कि किसके इशारे पर देविंदर सिंह ने काम किया।

Loading...
विज्ञापन
अपने 2-3 वर्ष के शिशु के लिए अल्फाबेट, नंबर एंड्राइड गेम इनस्टॉल करें Kids Piano