अल्पसंख्यक कार्य मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने ट्रिपल तलाक पर देश की सर्व्वोच अदालत के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि यह धार्मिक मामला नहीं है. बल्कि यह सामाजिक सुधार का मामला है.

नकवी ने कहा, ‘ तीन तलाक धर्म से जुड़ा मुद्दा नहीं है. यह सामाजिक सुधार से जुड़ा विषय है. केंद्र सरकार इस मुद्दे पर कानून बनाने के संदर्भ में सभी राजनीतिक दलों के साथ चर्चा करेगी. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ‘ सुधारों की सरकार’ है. उसने प्रारंभ से ही इस सामाजिक बुराई का विरोध किया और हमेशा लैंगिक समानता का समर्थन किया है.

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

उन्होंने कहा, हमें अड़ियल रवैया नहीं अपनाना चाहिए. हमें सामाजिक बुराई के संदर्भ में सुधारवादी पहल को अपनाना चाहिए.’ नकवी ने कहा कि पहले भी सती प्रथा और बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराइयों के विरुद्ध सुधार कार्य हुए हैं.

केंद्रीय मंत्री ने कहा, इस सबंध में कानून बनाने के विषय पर केंद्र सरकार पहले सभी राजनीतिक दलों के साथ चर्चा करेगी.

गौरतलब रहें कि सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ ने 3:2 के बहुमत से तीन तलाक को असंवैधानिक करार दिया. 365 पेज के फैसले में पीठ ने ‘तलाक-ए-बिद्दत’ को निरस्त कर दिया.

Loading...