Sunday, September 19, 2021

 

 

 

मदरसों पर वसीम रिजवी के बयान पर भड़के बीजेपी नेता, कहा – पगला गए है रिजवी

- Advertisement -
- Advertisement -

अपने विवादित बयानों को लेकर सुर्खियों में रहने वाले शिया वक्फ बोर्ड अध्यक्ष वसीम रिजवी ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर देश भर के सभी मदरसों को बंद करवाने की मांग की थी।

उन्होंने पत्र में कहा था कि मदरसों में छात्रों में आंतकी संगठन आईएसआईएस की विचारधारा फैलाई जा रही है। अगर जल्द ही प्राथमिक मदरसे बंद न हुए तो पंद्रह साल बाद देश के आधे से ज्यादा मुसलमान आईएसआईएस विचारधारा के समर्थक हो जाएँगे। रिजवी के इस बयान की बीजेपी ने आलोचना की है।

बीजेपी नेता एहतिशाम उल हुदा ने कहा कि ये रिजवी का निजी बयान है। देश में लोकतंत्र है और उनको अपनी बात कहने का अधिकार है। हालांकि मेरा अपना मानना है कि देश के विकास में मदरसों के छात्रों का अहम योगदान रहा है। इसका सबसे बड़ा उदाहरण पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम है। जिनकी शिक्षा मदरसे से हुई है। उन्होने कहा कि मदरसों के छात्र अपने देश से बड़ी मुहब्बत करते है।

बता दें कि शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन ने अपने पत्र में लिखा, ‘कश्मीर में बहुत बड़े तादाद में आईएसआईएस के समर्थक खुले तौर पर दिखाई दे रहे हैं। बहुत बड़े पैमाने पर मदरसे में इस्लामिक तालीम लेने वाले बच्चों को आर्थिक मदद पहुंचा कर इस्लामिक शिक्षा के नाम पर उनको दूसरे धर्मों से काटा जा रहा है। देश के ग्रामीण क्षेत्रों में चल रहे प्राथमिक मदरसे चंदे के लालच में हमारे बच्चों का भविष्य खराब करने पर आमादा हैं। उन्हें सामान्य शिक्षा से दूर रख कर उनमें इस्लाम के नाम पर कट्टरपंथी सोच पैदा की जा रही है। यह देश के लिए एक बड़ा खतरा है।’

रिजवी ने पीएम से मांग करते हुए कहा कि ‘परिस्थितियों को देखते हुए देश हित और मुस्लिम बच्चों के अच्छे भविष्य के लिए देश के सभी प्राथमिक मदरसों को बंद कर दिया जाए। हाई स्कूल पास करने के बाद अगर बच्चा स्वयं धर्म प्रचार की तरफ जाना चाहता है तो वह मदरसे में दाखिला ले सकता है।’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles