बुधवार को बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने चौरी-चौरा में चुनावी रैली को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी के नक़्शे कदम पर चलते हुए हिंदुत्व कार्ड खेला. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश को ‘कसाब’ से बचाना है.

पीएम मोदी के शमशान और कब्रिस्तान के बाद अब अमित शाह ने कहा कि यूपी ‘कसाब’ नाम की बीमारी से परेशान है. फिर उन्होंने कसाब की परिभाषा बताते हुए कहा कि ‘क’ का मतलब कांग्रेस,’स’ का मतलब समाजवादी पार्टी और ‘ब’ का मतलब बहुजन समाज पार्टी बताया. शाह ने कहा कि यूपी का विकास इसी ‘कसाब’ की वजह से रुका हुआ है. इसे प्रदेश से निकालिए.

अमित शाह ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा, ‘ वह पहले आपकी जाति और धर्म जानते हैं. यदि यह उनके पक्ष में जाता है तो इसके बाद ही वह लैपटॉप का वितरण करते हैं. याद रहे कसाब एक पाकिस्तानी आतंकी था, जिसे मुंबई हमले के दोष में फांसी दी गई थी.

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

कांग्रेस ने अमित शाह के बयान पर पलटवार किया है. कांग्रेस के नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि ऐसा बयान बीजेपी की सांप्रदायिक मानसिकता को दिखाता है. वहीं, मायावती ने कहा कि बीजेपी को यूपी में सत्ता मिली तो रोहित वेमुला और ऊना कांड जैसे मामले होंगे। यूपी को इन लोगों से बचाना है.

Loading...