नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उपराज्यपाल अनिल बैजल के बीच छिड़ी जंग अब सरेआम लड़ी जा रही है।  रविवार को एक कार्यक्रम के दौरान केजरीवाल ने भरे मंच पर एलजी की रिपोर्ट फाड़ दी। इस बाबत एक वीडियो भी वायरल हुआ है।

एएनआई के मुताबिक उन्होंने रिपोर्ट को फाड़ते हुए कहा कि ये जनता की मर्जी है लोकतंत्र में जनता ही जनार्दन है। ये रिपोर्ट दिल्ली में सीसीटीवी कैमरे लगाने से पहले पुलिस से अनुमति लेने के संबंध में थी। इस दौरान उन्होने कहा कि महिलाएं सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। हम तीन साल से इस योजना को लागू करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हमें काम नहीं करने दिया जा रहा।

एएनआई के मुताबिक, एलजी द्वारा गठित कमेटी की रिपोर्ट दिखाते हुए केजरीवाल ने कहा,” एलजी की कमेटी के सदस्य पुलिसवाले हैं। रिपोर्ट कहती है कि अगर कोई दिल्ली में सीसीटीवी कैमरा लगाता है, यहां तक कि अपने पैसे से भी, तो उन्हें पुलिस से लाइसेंस लेना होगा। लाइसेंस का मतलब पैसा चढ़ाओ, लाइसेंस ले जाओ।” केजरीवाल यहीं नहीं रुके। उन्होंने कहा, ”जनता की मर्जी है कि इस रिपोर्ट को फाड़ दो। जनता जनार्दन है जनतंत्र में।”

बता दें कि इस योजना के तहत 70 विधानसभा क्षेत्रों में 1.40 लाख सीसीटीवी कैमरे लगेंगे। एक विधानसभा क्षेत्र में 2000 कैमरे लगेंगे। कैमरे और इनका सर्वर 2जी, 3जी व 4जी तथा जीपीआरएस से जुड़ा होगा। इनमें 30 दिन की रिकॉर्डिग होगी। कोई खराबी आने पर सूचना अपने आप रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष और लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर के पास पहुंच जाएगी।

वहीं एलजी दफ्तर ने सुप्रीम कोर्ट के निजता के फैसले का हवाला देते हुए कहा कि निगरानी कैमरा सिस्टम से किसी की निजता का हनन नहीं होना चाहिए।