नई दिल्ली: करतारपुर कॉरिडोर के शिलान्यास कार्यक्रम में पाकिस्तान से न्योता मिलने के बावजूद सुषमा स्वराज पाकिस्तान नहीं जाएंगी। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम में व्यस्त रहने का हवाला देते हुए सुषमा स्वराज ने बताया है कि उनकी जगह दो केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर और हरदीप सिंह पुरी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे।

बता दें कि आधारशिला समारोह में शिरकत करने के लिए पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने सुषमा स्वराज को भी न्यौता भेजा। शनिवार को विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और उनके कैबिनेट मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू को करतारपुर कॉरिडोर के उद्घाटन में आने का न्योता भेजा। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान 28 नवम्बर को कॉरिडोर का उद्धाटन करेंगे।

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने शनिवार को इस संबंध में ट्वीट भी किया। उन्होंने लिखा, ‘‘पाकिस्तान ने सुषमा स्वराज, अमरिंदर सिंह और नवजोत सिंह सिद्धू को करतारपुर कॉरिडोर के उद्घाटन में शामिल होने का न्योता भेजा है।’’ सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान की ओर से इन तीनों को अाधिकारिक न्योता भी भेज दिया गया है।

विदेश मंत्री ने आशा व्यक्त की कि पाकिस्तान हिस्से के कॉरिडोर का काम तेजी से निपटाएगा, ताकि सिख श्रद्धालुओं को जल्द-से-जल्द वहां जाने का मौका मिल सके। दूसरी और भारत सरकार ने 2019 में गुरु नानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में करतारपुर सड़क गलियारे के निर्माण का 22 नवंबर, 2018 को फैसला किया। इस सड़क का निर्माण भारत-पाकिस्तान सीमा तक एकीकृत विकास परियोजना के रूप में किया जाएगा। इस गलियारे के निर्माण से सिख श्रद्धालु पाकिस्तान में रावी नदी के तट पर स्थित गुरुद्वारा दरबार साहिब में मत्था टेक सकेंगे।

पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी करतारपुर गलियारा बनाए जाने के प्रस्ताव का स्वागत किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस गलियारे के दोनों देशों के लोगों के बीच पुल का काम करने संबंधी बयान के बारे में पूछे जाने पर सिंह ने चेताया कि इस लक्ष्य को हासिल किये जाने से पहले अभी कई बाधाओं को पार करना है।

Loading...