पुरे देश में गौहत्या पर पाबंदी की कोशिश में लगी केंद्र की मोदी सरकार को सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर से बड़ा झटका दिया है. कोर्ट केंद्र से सवाल किया कि आखिर देश का आम नागरिक गोश्त क्यों नहीं खा सकता ?

कोर्ट ने केंद्र के उस अध्यादेश पर भी रोक लगा दी है. जिसके तहत सरकार द्वारा भैंस और अन्य गोवंश की बिक्री पर रोक लगा दी गई थी. केंद्र सरकार ने 23 मई को इस आशय की अधिसूचना जारी की थी. कोर्ट ने मद्रास हाईकोर्ट द्वारा पहले से लगाई गई रोक के आदेश में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया है.

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

इससे पहले, मद्रास हाईकोर्ट ने दो याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए सरकार की नई अधिसूचना पर चार हफ्ते के लिए रोक लगा दी थी. इन याचिकाओं में कहा गया था कि सरकार का नया नियम न केवल संघीय ढांचे के विपरीत है बल्कि पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 के भी विपरीत है.

सुप्रीम कोर्ट के इस नए आदेश से केंद्र को झटका लगा है, तो वहीँ फायदा उन लोगों को मिलेगा जो लोग मीट का कारोबार करतें हैं. क्योंकि सरकार द्वारा रोक लगाए जाने के बाद से भैंस और अन्य गोवंश की बिक्री में कमी आई थी.

सरकार के आदेश का विरोध करते हुए मीट कारोबारियों ने कहा था केंद्र के इस फैसले से उनकी अजीविका पर असर पड़ेगा.

Loading...