अल्पसंख्यक समुदायों के लिए देश के 100 जिलों में गरीब नवाज कौशल विकास केंद्रों की स्थापना और संचालन के लिए केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय ने कुल 108 गैर सरकारी संगठनों एनजीओ के साथ समझाौते पर हस्ताक्षर किए हैं.

दरअसल, अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय की अधीनस्थ संस्था मौलाना आजाद शिक्षा प्रतिष्ठान एमएईएफ गैर सरकारी संगठनों के साथ मिलकर गरीब नवाज कौशल विकास केंद्र स्थापित करने की योजना का क्रियान्वयन कर रही है. इन केंद्रों में जीएसटी अकाउंटिंग और सेनेटरी सुपरवाइजर सहित कई अल्पकालिक पाठ्यक्रमों का संचालन किया जाएगा. मौजूदा वित्त वर्ष में देश के 100 जिलों में इन केंद्रों के शुरू करने की योजना है।

एमएईएफ ने इन कौशल विकास केंद्रों की स्थापना के मकसद से इस साल अप्रैल में गैर सरकारी संगठनों से प्रस्ताव मंगाए थे। संस्था के एक वरिष्ठ अधिकारी ने भाषा को बताया, कौशल विकास केंद्रों की योजना के क्रियान्वयन के लिए कुल 559 गैर सरकारी संगठनों ने प्रस्ताव भेजे थे और इनमें से 108 एनजीओ का चयन किया गया। पिछले कुछ दिनों के भीतर इन एनजीओ के साथ समझाौते पर हस्ताक्षर किए गए।

अधिकारी ने कहा, मंत्रालय और एमएईएफ की पूरी कोशिश है कि अगले साल 31 मार्च तक 100 जिलोंाशहरों में गरीब नवाज कौशल विकास केंद्र संचालित हो जाएंगे।

गरीब नवाज कौशल विकास केंद्रों में अल्पसंख्यक समुदाय के नौजवान विभिन्न क्षेत्रों में तीन से छह महीने के प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रम में दाखिला ले सकेंगे। अल्पकालिक पाठ्यक्रमों में जीएसटी अकाउंटिंग, मोबाइल एवं लैपटॉप रिपेयरिंग, कंप्यूटर हार्डवेयर एवं नेटवर्किंग, रिटेल प्रबंधन कार्यक्रम, मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग, सुरक्षा गार्ड प्रशिक्षण, औद्योगिक सुरक्षा प्रबंधन में डिप्लोमा, हाउसकीपिंग पाठ्यक्रम भी शामिल हैं। (भाषा)

Loading...

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें