सेना में ब्रिटिश राज से चले आ रहे ‘सहायक’ सिस्टम के तहत सीनियर अफसरों की प्रताड़ना का खुलासा करने वाले जवान का शव मिलने के बाद उनकी मौत का राज गहराता जा रहा हैं. जवान के परिजनों ने दुबारा से पोस्टमार्टम की मांग करते हुए मृतक का शव लेने से इनकार कर दिया हैं.

लांस नायक रॉय मैथ्यू (33) 25 फरवरी से लापता थे. बाद में उनका शव नासिक की देवलाली छावनी में एक खाली बैरक में पंखे से लटका मिला था. शव के तिरुवंतपुरम पहुंचने पर मैथ्यू के परिजन ने कहा कि बहुत से सवाल हैं जिनका जवाब मिलना जरूरी है. शव की पहचान करना मुश्किल है. उन्होंने कहा कि शव के साथ आए अधिकारियों ने शव को पत्नी को भी दिखाने से मना कर दिया.

मैथ्यू के एक रिश्तेदार ने कहा, “उन्होंने 14 साल अपने देश की सेवा की थी. पूरा मामला बेहद संदेहास्पद नजर आ रहा है. कोई नहीं जानता कि उनके साथ क्या हुआ? शव लाने के बाद उसे जल्दी से जल्दी तिरंगे में लपेटने की परंपरा है, पर यह भी नहीं किया गया.”

कोल्लम के उप कलेक्टर के चित्रा ने कहा, “आज (शनिवार) सुबह यह आग्रह किया गया और शीघ्र ही इसकी अनुमति दे दी गई. शव का फिर से पोस्टमॉर्टम तिरुवनंतपुरम मेडिकल कॉलेज अस्पताल में किया जाएगा और उसके बाद शव सौंप दिया जाएगा.”

याद रहे लांस नायक यज्ञ प्रताप सिंह के वीडियो के बाद मैथ्यू ने भी एक वीडियो बनाया था जिसमें उन्होंने  अपने चेहरे को दिखाए बिना निकों की परेशानियों को उजागर किया था. वीडियो के जरिए दिखाया गया था कि किस तरह जवान अधिकारियों के कुत्तों को टहलाने और उनके बच्चों को स्कूल छोड़ने का काम कर रहे है. मैथ्यू पिछले 13 सालों से सेना में थे और गनर के तौर पर तैनात थे.

मैथ्यू को केंद्र में एक कर्नल रैंक के अधिकारी के साथ ‘सहायक ड्यूटी’ में लगाया गया था. केरल स्थित मैथ्यू के परिवार के अनुसार मैथ्यू ने उन्हें 25 फरवरी को आखिरी बार फोन किया था. उनकी पत्‍नी फिनी रॉय ने कहा है कि रॉय ने कुछ दिनों पहले फोन किया था और कह रहे थे कि समाचार चैनल मेरी तस्‍वीर दिखा रहे हैं। इतना ही कहते रॉय मैथ्‍यू फोन पर ही रो रहे थे.

मुस्लिम परिवार शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें

Loading...

विदेशों में धूम मचा रहा यह एंड्राइड गेम क्या आपने इनस्टॉल किया ?