सर्वोच्च न्यायालय ने पूर्व केन्द्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद को ट्रिपल तलाक से सबंधित याचिकाओं की सुनवाई में न्याय मित्र के तौर पर शीर्ष अदालत की सहायता करने की आज अनुमति दे दी हैं.

खुर्शीद ने मुख्य न्यायाधीश जगदीश सिंह केहर की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष मामले का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि वह इस मामले में लिखित में अपना पक्ष रखने का समय पहले ही समाप्त हो चुका है और वह इस मामले में लिखित में कुछ तथ्य दाखिल करना चाहते हैं. इस पर पीठ ने कहा, हम इसे रिकॉर्ड पर लेंगे. यह कोई मुद्दा नहीं है.
कोर्ट ने उनका अनुरोध स्वीकार करते हुए कहा कि इस मामले में पांच सदस्यीय संविधान पीठ 11 मई से नियमित सुनाई करेगी. यह पहली बार होगा जब गर्मी की छुट्टियों में सुप्रीम कोर्ट के कम से कम 15 जज महत्वपूर्ण संवैधानिक महत्व के तीन मामलों की सुनवाई करेंगे.
इसके साथ ही ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (एआईएमपीएलबी) शीर्ष अदालत से कहा चुकी हैं कि इन प्रथाओं को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई नहीं होनी चाहिए क्योंकि ये मसले न्यायपालिका के अधिकार क्षेत्र से बाहर के हैं.



कोहराम न्यूज़ को लगातार चलाने में सहयोगी बनें, डोनेशन देने से पहले इस link पर क्लिक करके पढ़ें Click Here

Loading...
कोहराम न्यूज़ की एंड्राइड ऐप इनस्टॉल करें