उत्तरप्रदेश में योगी सरकार द्वारा गठित ‘एंटी रोमियो अभियान’ का नाजायज फायदा उठाया जा रहा हैं. फायदा उठाने वाले कोई और नही बल्कि बीजेपी और हिन्दू युवा वाहिनी के नेता हैं. हाल ही में मेरठ में लव जिहाद के नाम पर प्रेमी युगल से घर में घुसकर मारपीट करने का मामला शांत नहीं हुआ था कि अब एक और मामला सामने आया हैं.

प्राप्त जानकारी के अनुसार हरीश अपनी मंगेतर उसकी ड्यूटी के बाद रात करीब नौ बजे वअपनी स्कूटी से उसके घर पर छोड़ने के लिए जा रहा था. इसी बीच रास्तें में मेडिकल थाना क्षेत्र के पीवीएस मॉल के करीब उसे बीजेपी नेताओं ने घेर लिया.

खुद को हिदू युवा वाहिनी और बीजेपी के कार्यकर्ता बताते हुए उन्होंने उसकी मंगेतर से छेड़छाड़ शुरू कर दी. जब हरीश ने इसका विरोध किया तो उसके मारपीट की गई. इसी बीच उसने अपनी जान बचाने के लिए पुलिस से मदद मांगी तो पुलिस ने पीड़ित को बचाने के बजाय बीजेपी नेता हवाले कर दिया. वे पीड़ित को पिटते रहे और पुलिस देखती रही.

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

इसके साथ ही बीजेपी नेताओ के हुक्म की तामिल करते हुए पुलिस ने पीड़ित युवक को ही जेल में बंद कर दिया. लेकिन इसी दौरान वह युवती थाने पहुंची तो सारा मामला ही उलट हो गया. पीड़िता की शिकायत पर भाजपा के अंकित, सागर पोसवाल और विनोद के साथ 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया.

इस बारें में पीड़ितों कहना हैं कि उन्होंने बीजेपी को वोट दिया था, लेकिन इसके बावजूद उनके साथ भाजपा के समर्थकों ने मारपीट की और परिवार की युवती के साथ छेड़छाड़ की. इतना ही नहीं, चौकी में पिटाई की गई और अब सुनवाई भी नहीं हो रही है. हमें बीजेपी को वोट देने का परिणाम मिला है.

Loading...