प्रधानमंत्री मोदी और उनकी कैबिनेट के मंत्रि‍यों के विदेश दौरे पर वित्त वर्ष 2015-16 के दौरान 567 करोड़ रुपये खर्च हुआ. यह पिछले वित्त वर्ष के मुकाबले 80 फीसदी ज्यादा है. यह खुलासा बजट डॉक्यूमेंट से हुआ है.

अनुमान से दोगुना खर्च
2015-16 की शुरुआत में प्रधानमंत्री और उनके मंत्र‍ियों की विदेश यात्रा पर अनुमानित खर्च 269 करोड़ रुपये थे, लेकिन असल में खर्च लगभग दोगुना हो गया. यूपीए-2 के दौरान मनमोहन सिंह और उनके कैबिनेट मंत्र‍ियों के विदेश दौरे पर पांच साल में 1500 करोड़ रुपये खर्च हुए थे.

अगले वित्त वर्ष में कटौती करना चाहते हैं पीएम
वैसे, राहत की बात यह है कि प्रधानमंत्री मोदी वि‍त्त वर्ष 2016-17 में इस खर्च को लगभग आधा करना चाहते हैं. पीएम और कैबिनेट के ट्रेवल बिलों में राज्य मंत्र‍ियों, पूर्व प्रधानमंत्री की यात्रा का खर्च और पीएम, राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति के एयरक्राफ्ट पर खर्च हुआ पैसा भी शामिल है.

मोदी के मनमोहन से मंत्री कम, खर्च ज्यादा
प्रधानमंत्री मोदी की कैबिनेट में 64 मंत्री हैं, जबकि यूपीए सरकार में 75 मंत्री थे. फिर भी उनकी विदेश यात्रा का खर्च यूपीए के मुकाबले बहुत ज्यादा रहा. भत्तों पर 10.20 करोड़ रुपये सालाना खर्च हो रहे हैं, जो यूपीए सरकार के दौरान किए गए खर्च से 8 फीसदी ज्यादा है. (Aaj Tak)