sudrshan

दक्षिणपंथी सुदर्शन चैनल एक बार फिर से विवादों में है. दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग (डीएमसी) ने उत्तरी दिल्ली के बवाना इलाके के कुछ स्थानीय लोगों को कथित तौर पर ‘रोहिंग्या’ और ‘बांग्लादेशी ‘ बताने पर नोटिस जारी किया है.

आयोग के अध्यक्ष ज़फ़रूल इस्लाम ख़ान ने बताया, ‘डीएमसी ने सुदर्शन टीवी को नोटिस जारी किया है. चैनल ने अपनी रिपोर्ट में उत्तर दिल्ली के बवाना के निवासियों से संबंधित रिपोर्ट प्रसारित की थी.’

उन्होंने बताया कि चैनल ने 11 मई को एक कार्यक्रम प्रसारित किया था जिसमें इन लोगों को ‘बांग्लादेशी’ और ‘रोहिंग्या’ बताया गया था जबकि ये भारतीय नागरिक हैं और इन्हें सरकारी एजेंसियों ने कई दशक पहले दिल्ली के विभिन्न इलाकों से लाकर यहां बसाया था.

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

ज़फ़रूल इस्लाम के अनुसार, चैनल के प्रबंध निदेशक को जवाब देने के लिए 12 जून तक का समय दिया गया है. साथ ही बवाना के निवासियों को ‘बांग्लादेशी’ और ‘रोहिंग्या’ बताने के पीछे सबूत देने को भी कहा गया है.

उन्होंने कहा, ‘सबूत पेश नहीं करने की स्थिति में चैनल से कहा गया है कि वह बिना शर्त लिखित माफी मांगे और आयोग को सूचित करे कि उसने एक वर्ग विशेष के भारतीय नागरिकों के खिलाफ असंतोष फैलाने वाली यह झूठी खबर बनाने और प्रसारित करने वाले संवाददाता तथा कर्मचारियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की है.

खान ने यह भी बताया कि डिप्टी कमीशनर को नोटिस जारी कर इस प्रसारण के खिलाफ की गई कार्रवाई के बारे में एक रिपोर्ट दर्ज करने को कहा गया है और साथ ही वहां के निवासियों के बारे में ‘बांग्लादेशी’ और ‘रोहिंग्या’ जैसी अफ़वाह फैलाने वाले व्यक्ति के ख़िलाफ़ भी मामला दर्ज करने को कहा है.