Tuesday, July 27, 2021

 

 

 

योग गुरु रामदेव ने नोटबंदी को बताया – 3 से 5 लाख करोड़ का बड़ा घोटाला

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योगगुरु बाबा रामदेव ने नोटबंदी को एक बड़ा घोटाला करार दिया है। उन्होने ‘द क्विंट’ के संजय पुगलिया को दिए एक इंटरव्यू में नोटबंदी को 3-5 लाख करोड़ का बड़ा घोटाला बताया।

रामदेव ने कहा, “मोदीजी ने भी नहीं सोचा होगा कि बेईमान निकलेंगे बैंकवाले। मुझे ऐसा लगता है कि हजारों नहीं, शायद लाखों करोड़ रुपये बना लिए बैंक वालों ने। इसमें तीन से पांच लाख करोड़ रुपये का घोटाला निकलेगा।”

बाबा रामदेव ने आगे कहा कि इस मामले में शक रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के लोगों पर भी हो रहा है। उन्होंने कहा कि एक सीरीज के दो नोट छपे हुए मिले। यह देश की अर्थव्यवस्था पर बहुत बड़ा कलंक है। उन्होंने कहा कि नोटबंदी के वक्त कैश की कमी नहीं थी बल्कि सारा का सारा कैश बेईमानों को दे दिया गया। उस वक्त सर्कुलेशन में सुधार की जरूरत थी।

बाबा रामदेव ने कहा कि कालाधन पर हमने तीन बातें कहीं थी। पहली- बड़ी करेंसी वापस लो। दूसरी कैशलेस ट्रांजैक्शन की व्यवस्था बनाओ और ट्रांजैक्शन टैक्स लगाओ। तीसरा पार्टिशिपेटरी और प्रोमिसरी नोट और बैंकों की व्यवस्था को पारदर्शी बनाने को भी कहा था लेकिन सरकार ने सिर्फ एक बात मानी और बाकी दो बातों को नहीं माना। बाबा रामदेव ने कहा कि नोटबंदी की वजह से बहुत सारे लोगों को दिक्कतें हुई हैं।

इससे पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल ने वीडियो जारी किया थे जिसमें कुछ लोग कथित तौर यह दावा करते हुए नजर आ रहे हैं कि नोटबंदी के बाद भाजपा के कुछ नेताओं की मदद से कमीशन की एवज में नोट बदले गए। सिब्बल ने यह दावा भी किया कि नोटबंदी के बाद 15 से लेकर 40 प्रतिशत तक कमीशन की एवज में नोट बदले गए। उन्होंने नरेंद्र मोदी सरकार को इसकी जांच कराने की चुनौती दी है।

सिब्बल ने कहा कि नोटबंदी के दौरान पुराने नोट को बदलने के लिए अधिकारियों के एक टीम का गठन किया गया था, जिसका नेतृत्व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह कर रहे थे। इस टीम में विभिन्न विभागों के अधिकारी थे। मंत्रियों और व्यवसायियों के पैसे प्लेन के माध्यम से हिंडन एयरबेस ले जाए गए और वहां से इसे रिजर्व बैंक ले जाया गया। पैसे 35 से 40 प्रतिशत कमीशन लेकर बदले गए।

उन्होंने कहा, “नोटबंदी भारत के इतिहास में सबसे बड़ा घोटाला है। यह दुख की बात है कि हमारी एजेंसी विपक्ष के लोगों की जांच करेगी, लेकिन उन लोगों की नहीं जो सत्त में हैं।” सिब्बल ने अपने बयान के सहारे मध्य प्रदेश में पिछले एक सप्ताह से चल रहे छापे पर की ओर भी संकेत किया।

सिब्बल ने कहा, “हिंदुस्तान के इतिहास में अगर कोई सबसे बड़ा स्कैम हुआ है तो वो नोटबंदी का है। मोदी ने अपने कार्यकाल की शुरुआत ही जनता को मूर्ख बनाकर की और अब धमकाकर अपना कार्यकाल खत्म कर रहे हैं। ये बहुत बड़े दुख की बात है कि हमारे लोकतंत्र में जो एजेंसियां हैं वो विपक्षी दलों की जांच करेंगी लेकिन केंद्रीय मंत्रियों की कोई जांच नहीं होगी।”

कांग्रेस नेता ने कहा, “ऐसा लगता है कि सारी एजेंसियां , चाहे वो आईटी हो, सीबीआई हो या एनआईए हो, सब इनके कब्जे में हैं. जब एजेंसी और सरकार एक मंच पर आ जाएं तो लोकतंत्र कभी बहाल नहीं रह सकता। लोकतंत्र बचाने का काम अब जनता का है।”

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