नेपाल की भारत को ध’मकी – तटबंध नहीं हटाया तो तोड़ देंगे, बिहार में बाढ़ का खत’रा

नेपाल ने भारत को भारी बारिश के बीच धमकी देते हुए कहा कि बंजरहा के पास भारतीय सीमा में नो मेंस लैंड से सटे हुए लालबकेया नदी के तटबंध के एक हिस्से को नहीं हटाया तो इसे तोड़ देंगे।

नेपाल के रौतहट के डीएम वासुदेव घिमिरे ने सोमवार को कहा कि दोनों देशों की भूमापक टीम द्वारा की गई पैमाइश में पाया गया है तटबंध को कही दो मीटर तो कहीं एक मीटर नोमेंस लैंड को अतिक्रमित कर बनाया गया है। उन्होंने बताया कि नो मेंस लैंड के बीच में बने पिलर से 9.1 मीटर उत्तर व दक्षिण अर्थात 18.2 मीटर नो मेंस लैंड की जमीन पहले से ही निर्धारित है। नो मेंस लैंड की जमीन पर कोई निर्माण कार्य नहीं होना है। इसके बावजूद भी वहां तटबंध बना दिया गया है।

डीएम ने कहा नो मेंस लैंड पर बने तटबंध को हटाने पर दोनों देशों के अधिकारियों के बीच सहमति बन गई है। इसके बावजूद भी तटबंध को नहीं हटाया गया है। इस बाबत पूछने पर पूर्वी चंपारण के डीएम शीर्षत कपिल अशोक ने बताया कि इस संबंध में उन्हें राज्य या भारत सरकार से कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।

मालूम हो कि अधवारा समूह की लालबकेया नदी का यह वही तटबंध है, जिसकी मरम्मत को नेपाल के सुरक्षाकर्मियों ने पिछले दिनों रोक दिया था। बरसात के इस मौसम में अगर नेपाल से सटे तटबंध को हटाया गया, तो इलाके के लोगों को बाढ़ से जान-माल का भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।

पूर्वी चंपारण के डीएम कपिल अशोक ने  कहा कि इस मसले पर हमारे पास आधिकारिक सूचना नहीं है और न ही कोई डायरेक्शन आया है. जो नापी की रिपोर्ट आई है वह सीधे केंद्र सरकार को भेजी गई है। इस पर सात-आठ दिनों में कोई दिशा निर्देश आ सकता है, तब हम कोई कदम उठाएंगे।

विज्ञापन