नई दिल्ली. किसान आंदोलन को लेकर विवादित हैशटैग पर कार्रवाई न करने पर केंद्र सरकार द्वारा ट्विटर (Twitter) को नोटिस जारी किया है। सरकार ने चेतावनी दी है कि अगर ट्विटर ने सरकार की बात नहीं मानी, तो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कार्रवाई की जाएगी।

ट्विटर को जारी किए गए नोटिस में कहा गया है, ” #ModiPlanningFarmerGenocide हैशटैग का इस्तेमाल लोगों को उकसाने, नफरत फैलाने के लिए किया गया था और यह तथ्यात्मक रूप से भी गलत था। यह समाज में तनाव पैदा करने के लिए चलाया गया अभियान था। नरसंहार के लिए उकसाना अभिव्यक्ति की आजादी नहीं है। यह कानून व्यवस्था के लिए खतरा है।’

नोटिस में आगे लिखा गया है, ‘दिल्ली में गणतंत्र दिवस के दिन हिंसा हुई। सरकार की ओर से विवादित ट्वीट करने वाले अकाउंट्स को ब्लॉक किए जाने के आदेश देने के बावजूद ट्विटर ने अपनी मर्जी से इन अकाउंट्स को दोबारा एक्टिवेट कर दिया।’

नोटिस में फ्रीडम ऑफ स्पीच पर भी जोर दिया गया है और कहा गया है कि नरसंहार की बात को प्रोत्साहन देना फ्रीडम ऑफ स्पीच नहीं है, ये कानून-व्यवस्था के लिए खतरा है। सरकार ने ट्विटर से कहा है कि वह भारत सरकार के नियमों को मानने के लिए बाध्य है। आईटी एक्ट ट्विटर को सरकार की बात मानने के लिए कहता है।

बता दें कि 26 जनवरी को दिल्ली में किसान ट्रैक्टर रैली के दौरान हिंसा भी हुई थी। हिंसा के बाद ट्विटर ने 500 अकाउंट्स को सस्पेंड किया था। ट्विटर ने कहा था कि इन अकाउंट्स पर लेबल भी लगाए गए हैं। इस कार्रवाई पर ट्विटर के प्रवक्ता ने कहा कि हिंसा, दुर्व्यवहार और धमकियों की उनके प्लेटफॉर्म पर कोई जगह नहीं है।

Loading...
विज्ञापन
अपने 2-3 वर्ष के शिशु के लिए अल्फाबेट, नंबर एंड्राइड गेम इनस्टॉल करें Kids Piano