बरेली। जानशीन मुफ्ती-ए-आजम हिंद मौलाना अख्तर रजा खां अजहरी मियां का शुक्रवार यानी कल निधन हो गया. वे पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे थे. उनके निधन की खबर के साथ ही मुरीदों मे शोक की लहर है.

ताजुश्शरिया अजहरी मियां अहले सुन्नत वल जमात की एक बड़ी हस्ती है. भारत ही नहीं बल्कि दुनिया भर मे उनके लाखों की तादाद में मुरीद है. उनकी गिनती विश्वभर के प्रसिद्ध आलिमों में होती रही है.

आपको बता दें की सियासत और दुनियावी चमक दमक का माहौल उन्हें कतई पसंद नहीं था. वह इससे दूर रहना ही पसंद करते थे. ऐसा कई बार हुआ जब बड़ी हस्तियाँ उनके दीदार करने उनकी चौखट पर आयीं लेकिन उन्होंने मिलने से इनकार कर दिया. हाँ लेकिन मज़हबी मामलों में उन्होंने हमेशा अपन आवाज़ बुलंद रखी.

जब उनके दर पर सियासत नेता राहुल गाँधी, अमर सिंह और संजय दत्त मिलने पहुंचें तो उन्होंने मिलने से इनकार कर दिया था. इतना ही नहीं इंदिरा गाँधी ने जब देश में आपातकाल लगाई थी तब भी अज़हरी मियाँ ने उसका खुलकर विरोध किया था.

अज़हरी मियाँ से मिलने के लये लोग बेताब रहते थे. आपको बता दें की उनका नाम दुनिया भर के मशहूर मुस्लिम धर्मगुरुओं में गिना जाता है. दुनिया भर के शीर्ष 50 धर्मगुरुओं में उनका नाम दर्ज है. साथ ही यह बताते चलें की बरेलवी धर्मगुरु मुफ़्ती मोहम्मद अख्तर रज़ा उर्फ़ अजहरी मियाँ इस पायेदान में 25 वें स्थान पर है.