विवादित बयानों को लेकर चुनाव आयोग ने दिए साध्वी प्रज्ञा के खिलाफ FIR के आदेश

9:07 pm Published by:-Hindi News

बाबरी मस्जिद को गिराए जाने को लेकर दिए बयान पर चुनाव आयोग ने साध्वी प्रज्ञा के खिलाफ FIR के आदेश दिए है। यह आदेश भोपाल के जिला निर्वाचन अधिकारी ने दिए हैं। बीजेपी प्रत्याशी प्रज्ञा ठाकुर पर आरोप लगाया जाएगा कि वह ‘बाबरी मस्जिद विध्वंस का हिस्सा होने पर गर्व महसूस कर रही थीं।

इससे पहले साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने चुनाव आयोग के नोटिस का जवाब देते हुए लिखा था, ‘उन्होंने किसी शहीद का अपमान नहीं किया है। चुनाव आयोग को भेजे गए जवाब में साध्वी ने लिखा है- किसी दल के नेता या राजनैतिक कार्यकर्ता के निजी जीवन के बारे में कुछ नहीं कहा है। बिन्दु क्रमांक- 3 पूर्व रूप से अस्वीकार है।’

उन्होंने आगे लिखा, ‘मैंने अपने उद्बोधन में किसी शहीद की शहादत के बारे में अपमानजनक बात नहीं कही, मेरे वक्तव्य को एक पंक्ति के आधार पर अर्थान्वयन नहीं करना चाहिए। पूरे वक्तव्य को एक साथ अर्थान्वयन करना चाहिए। मैंने अपने उद्बोधन में केंद्र की तत्कालीन कांग्रेस सरकार के निर्देशों पर मुझे जो यातनाएं दी गई उसका सिर्फ उल्लेख किया है और यह मेरा अधिकार है कि मेरे साथ जो घटना घटित हुई उसे जनता के समक्ष रखूं। मेरे बयान को मीडिया द्वारा नकारात्मक परिपेक्ष्य में प्रस्तुत किया गया है उसे मैंने स्वयं जनभावना का सम्मान करते हुए बयान को वापस लिया है।

बता दें कि प्रज्ञा ठाकुर ने बीते दिनों टेलीविजन चैनल ‘टीवी 9’ को दिए एक इंटरव्यू में कहा था कि वह 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद को ध्वस्त करने वाले लोगों में से थीं और इस पर उन्हें गर्व है। उन्होंने कहा था कि प्रज्ञा ठाकुर ने कहा था, ‘बाबरी मस्जिद का ढांचा गिराने का अफसोस नहीं है, ढांचा गिराने पर तो हम गर्व करते हैं। हमारे प्रभु रामजी के मंदिर पर अपशिष्ट पदार्थ थे, उनको हमने हटा दिया।

इससे पहले मालेगांव ब्लास्ट में आरोपी और बीजेपी उम्मीदवार साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने मुंबई हमले के शहीद हेमंत करकरे के बारे में कहा था कि मैंने करकरे को सर्वनाश होने का शाप दिया था और इसके सवा माह बाद आतंकवादियों ने उन्हें मार दिया। उन्होने कहा था, ‘हेमंत करकरे मुझे यातनाएं देते थे। मुझसे कुछ भी पूछते थे। मैंने कहा कि तेरे सर्वनाश होगा और ठीक सवा महीने बाद आतंकियों ने मार दिया।  जिस दिन मैं गई थी उस दिन सूतक लग गया था।’

खानदानी सलीक़ेदार परिवार में शादी करने के इच्छुक हैं तो पहले फ़ोटो देखें फिर अपनी पसंद के लड़के/लड़की को रिश्ता भेजें (उर्दू मॅट्रिमोनी - फ्री ) क्लिक करें