आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत ने मेजर एल. गोगोई पर सख्त बयान देते हुए कहा है कि गोगोई का कोर्ट मार्शल भी हो सकता है। सेना की जांच में मेजर गोगोई को होटल मामले में दोषी पाया गया है। सेना की कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी में गोगोई के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा की गई है।

जनरल रावत ने कहा, मैंने स्पष्ट कहा था कि नैतिक कदाचार और भ्रष्टाचार के किसी भी मामले में बेहद कड़ाई से निपटा जायेगा। कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी ने सिफारिश की है कि हमें कोर्ट मार्शल की कार्यवाही करनी चाहिए। उन्होंने कहा, अगर यह नैतिक कदाचार का मामला है, तो हम उसी अनुसार कार्रवाई करेंगे। अगर कुछ और मामला है तो सजा उनके किये अपराध के हिसाब से दी जायेगी।

बता दें कि मेजर गोगोई आरोप है कि वह 23 मई को श्रीनगर के खनयार इलाके में स्थित होटल में एक नाबालिग लड़की के साथ रात बिताना चाहते थे। लेकिन होटल ने इजाजत नहीं दी। जिसके बाद उनकी होटल कर्मचारियों के साथ हाथापाई भी हुई थी।

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

major gogoi 620x400

इस मामले में स्थानीय अदालत ने शनिवार को राज्य पुलिस को मामले की गहन जांच करने और 18 सितंबर तक अदालत में रिपोर्ट जमा कराने का निर्देश दिया है। सीजेएम ने अपने आदेश में कहा, आवेदन के सार और संबंधित थाने द्वारा सौंपी गई रिपोर्ट को ध्यान में रखते हुए मेरी राय है कि मामले में और जांच की जरूरत है।

सीजेएम ने कहा, पुलिस ने मामले की जांच करने के बजाय उसे निपटाने पर जोर दिया है। सभी तथ्यों को जांच में शामिल नहीं किया गया है। मेजर गोगोई और महिला के साथ पकड़े गए समीर मल्ला नामक सैन्यकर्मी की भूमिका की जांच नहीं हुई है। वह क्यों मेजर गोगोई और महिला के साथ होटल तक आया था। इसके अलावा मेजर गोगोई ने फेसबुक पर एक फर्जी एकाउंट उबैद अरमानी के नाम से बनाया था, इसकी जांच भी संबंधित आइटी अधिनियम के दायरे में होनी चाहिए।

Loading...