नई दिल्ली: जैश-ए-मोहम्मद का सरगना मसूद अजहर की मौत की खबर को पाकिस्तानी मीडिया ने खारिज कर दिया।जियो उर्दू न्यूज ने बताया कि जिन मीडिया रिपोर्टों में जैश-ए-मोहम्मद के नेता के मारे जाने का दावा किया गया है, वे झूठे हैं।

मसूद अजहर के परिवार के करीबी अज्ञात सूत्रों का हवाला देते हुए चैनल ने कहा कि अजहर जिंदा है। उसके स्वास्थ्य के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई। अजहर के बारे में पाकिस्तानी सरकार ने कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। संघीय सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने अजहर की मौत के दावों वाली मीडिया रिपोर्टों के बारे में पूछे जाने पर कहा, ‘मुझे इस समय कुछ भी मालूम नहीं है।’

इसी बीच भारत की खुफिया एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि जैश चीफ अजहर की मौत की खबरों में कितनी सच्चाई है। एक अधिकारी ने बताया कि वह आर्मी के अस्पताल में अपना इलाज करवा रहा है, इसके अलावा हमारे पास कोई सूचना नहीं है।

मसूद अजहर ने भारत में सबसे ज्यादा खतरनाक आतंकी हमलों को अंजाम दिया है। 2001 में संसद हमले, 2008 में मुंबई हमले, 2016 में पठानकोट एयरबेस और 2019 में पुलवामा में सीआरपीएफ हमले के पीछे मसूद अजहर का हाथ है।

जैश सरगना मसूद अजहर को अनंतनाग से फरवरी 1994 में गिरफ्तार किया गया था। 1994 में अजहर पुर्तगाल के पासपोर्ट पर बांग्लादेश के रास्ते भारत में दाखिल हुआ था। इसके बाद वो कश्मीर पहुंचा। हालांकि, 1999 में कंधार विमान अपहरण के बाद यात्रियों की सलामती के ऐवज में अजहर को तत्कालीन भाजपा सरकार ने छोड़ दिया था।