Wednesday, June 23, 2021

 

 

 

ट्रम्प की सीमा पर दीवार बनाने के फैसले के बाद मैक्सिको राष्ट्रपति ने अमेरिकी यात्रा की रद्द

- Advertisement -
- Advertisement -

वाशिंगटन | अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मैक्सिको सीमा पर दीवार बनाने का आदेश दिया है. ट्रम्प के आदेश के बाद दोनों देशो के बीच तनाव बढ़ गया है. इस आदेश के बाद मैक्सिको के राष्ट्रपति ने डोनाल्ड ट्रम्प के साथ होने वाली बैठक को रद्द कर दिया है. हालाँकि जानकार मानते है की इस आदेश को अमल में लाना व्यावहारिक नही है. मैक्सिको इस आदेश के खिलाफ NAFTA और WTO में अपील कर सकता है.

दरअसल ट्रम्प ने अपने आदेश में कहा की मैक्सिको सीमा पर बनने वाली दीवार का पूरा खर्चा मैक्सिको से वसूल किया जाएगा. जिसका मैक्सिको विरोध कर रहा है. ट्रम्प ने इस दीवार की लागत वसूल करने के लिए , मैक्सिको से आयात किये जाने वाले सामानों पर 20 फीसदी टैक्स लगाने को कहा है. इस फैसले से दोनों देशो के बीच के व्यापारिक रिश्तो में भी दरार आती दिख रही है.

वही ट्रम्प के एक ट्वीट के बाद, मैक्सिको के राष्ट्रपति एनरिके पायना नीटो ने मंगलवार को उनके साथ होने वाली बैठक को रद्द कर दिया है. पायना ने ट्वीट कर इसकी जानकारी देते हुए कहा की मैं मंगलवार को वाशिंगटन में ट्रम्प के साथ होने वाली बैठक में शामिल नही हो पाउँगा. दरअसल पायना के ट्वीट से कुछ घंटे पहले ही ट्रम्प ने ट्वीट कर कहा था की अगर मैक्सिको , सीमा पर बनने वाली विशाल दिवार के लिए पैसे देने के लिए तैयार नही है तो राष्ट्रपति को अपना अमेरिका दौरा रद्द कर देना चाहिए.

मालूम हो की डोनाल्ड ट्रम्प ने चुनाव के दौरान लोगो से वादा किया था की राष्ट्रपति बनने के बाद मैं मैक्सिको सीमा पर विशाल दीवार का निर्माण कराऊंगा. हालाँकि अमेरिका में यह मांग बहुत पहले से उठती आई है क्योकि मैक्सिको सीमा से अवैध प्रवासी और ड्रग्स तस्कर अमेरिका में घुसते है. पिछले कुछ सालो में यह तादात काफी बढ़ी है जिससे अमेरिका में अवैध प्रवासियों की संख्या में काफी वृद्धि देखी गयी है. इसके अलावा मैक्सिको से बड़ी मात्र में ड्रग्स की तस्करी अमेरिका में की जा रही है.

इन समस्याओं को देखते हुए ट्रम्प ने चुनाव में दीवार बनाने का वादा किया था जिसको उन्होंने शपथ लेने के दो दिन बाद ही पूरा कर दिया. लेकिन सवाल यह उठता है की अगर मैक्सिको से आयात होने वाले सामान पर 20 फीसदी टैक्स लगेगा तो इसका खर्च किसके ऊपर पड़ेगा. मैक्सिको से निर्यात करने वाले इसको वहन करेंगे या अमेरिका में सामान खरीदने वालो इस टैक्स को चुकाएंग. अंत में इस टैक्स का पूरा भार अमेरिका के उपभोगताओ के ऊपर ही पड़ना है. उधर मैक्सिको WTO और उत्तर अमेरिका मुक्त व्यापार समझौता-NAFTA में भी इस फैसले के खिलाफ अपील कर सकता है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot Topics

Related Articles