Monday, May 23, 2022

सद्दाम हुसैन और मुअम्मर गद्दाफ़ी के पास परमाणु बम होते तो उनका ऐसा हश्र न होता : किम

- Advertisement -

सियोल। इराक के तानाशाह सद्दाम हुसैन और लीबिया के पूर्व शासक मुअम्मर गद्दाफी के हश्र का उदाहरण देते हुए उत्तर कोरिया ने हाइड्रोजन बम परीक्षण का बचाव किया है। उसने परमाणु हथियार को सुरक्षा का बेहतर साधन बताया है। उत्तर कोरिया की सरकारी समाचार एजेंसी केसीएनए में प्रकाशित लेख में बुधवार को किए गए परीक्षण के बचाव में अजीबोगरीब तर्क दिए गए हैं।

इसके मुताबिक सद्दाम और गद्दाफी के साथ जो कुछ हुआ वह इस बात का प्रमाण है कि परमाणु हथियार हासिल करने की चाहत छोड़ने वाले देशों के साथ क्या हो सकता है। लेख के जरिये दक्षिण कोरिया को चेतावनी भी दी गई है। इतना ही नहीं किम ने हाइड्रोजन बम परीक्षण को महान घटना करार देते हुए कहा कि इससे उत्तर कोरिया ने अमेरिका समेत अन्य शत्रु देश की सेना से अपनी सीमा की प्रभावशाली तरीके से रक्षा करने की शक्ति हासिल कर ली है।लेख में कहा गया है कि इतिहास यह साबित करता है कि बाहरी आक्रांताओं से मुकाबला करने के लिए परमाणु हथियार बेहतरीन उपाय है। सद्दाम और गद्दाफी को परमाणु हथियार से दूर रखने के कारण ही इराक एवं लीबिया में इनका पतन हुआ। साथ ही कहा कि उत्तर कोरिया को परमाणु हथियार से दूर रहने की नसीहत देना उसी तरह है जैसे आसमान को गिरते हुए देखने की इच्छा रखना।

पनडुब्बी से मिसाइल परीक्षण का वीडियो जारी किया
__________________________
उत्तर कोरिया ने पनडुब्बी से बैलिस्टिक मिसाइल का परीक्षण (एसएलबीएम) करने का वीडियो जारी किया है। दक्षिण कोरिया ने हालांकि इस वीडियो को पुराना बताया है। सियोल के अधिकारियों के मुताबिक उत्तर कोरिया ने दिसंबर में जापान सागर में एसएलबीएम का तीसरा परीक्षण किया था। ताजा वीडियो में पनडुब्बी से मिसाइल दागते हुए दिखाया गया है। वीडियो में किम जोंग उन परीक्षण की निगरानी कर रहे हैं।

- Advertisement -

Hot Topics

Related Articles