Tuesday, December 1, 2020
https://youtu.be/KhHT9ba3x5Y 19 साल की लड़की को एक 40 साल की महिला को आंटी कहना महंगा साबित हुआ है। यूपी के एटा में मंगलवार की शाम इस छोटी सी बात पर हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। इतना ही नहीं महिला ने लड़की की पिटाई तक कर दी। जानकारी के अनुसार, एटा के बाबूगंज बाजार में करवा चौथ...
कुछ टीवी चैनलों द्वारा मुंबई पुलिस द्वारा ‘झूठे टीआरपी रैकेट’ पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने के कुछ घंटों बाद, प्रसिद्ध उद्योगपति राजीव बजाज ने कहा कि उनकी कंपनी बजाज ऑटो ने विज्ञापनों के लिए तीन चैनलों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। सीएनबीसी टीवी 18 के साथ बातचीत में,...
कोरोना को लेकर समय समय पर चेतवानी देकर लोगो को आगाह करने वाले विश्व स्वास्थ संगठन ने इस बार काफी गंभीर बात कही है. विश्व स्वास्थ्य संगठन लीडर्स की एक विशेष बैठक में संगठन ने कहा है कि हो सकता है कि दुनिया में हर 10 में से एक...
देहरादून - आमतौर पर पुलिस की इमेज को लेकर हमेशा नकारात्मक ख़बरें ही पढने को मिलती है लेकिन कभी कभी ऐसा हो जाता है की नजीर बन जाती है. उत्तराखंड पुलिस ने अपने स्लोगन "मित्र पुलिस" को साकार करते हुए कुछ ऐसा ही उदहारण पेश किया जो बाकी राज्यों...
एंड व्हाट इज़ दिस इथियोपियन कॉल्ड? रेस शुरू होने से कुछ पहले मोरक्को के धावक रादी बेन अब्दुस्सलाम को डाक्टर के पास रिपोर्ट करना पड़ा. एक एथलीट वहां पहले से लेटा हुआ था. उस धावक को याद करते हुए रादी ने अपनी आत्मकथा में लिखा है – “मैं उसके पैरों...
सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही बाबरी हॉस्पिटल की खबर झूठी है। इस खबर का खंडन खुद सुन्नी वक़्फ़ बोर्ड ने किया है। दरअसल एक अफवाह में दावा किया गया कि सरकार की तरफ से मस्जिद बनाने के लिए सुन्नी वक़्फ़ बोर्ड को मिली 5 एकड़ ज़मींन पर मस्जिद...
पश्चिम में एवेंजोअर के रूप में पहचाने जाने वाले इब्न ज़ुहर पेट, अन्नप्रणाली और गर्भाशय में कैंसर की संरचनाओं की सटीक पहचान करने के लिए उच्च मध्य युग के दौरान पहले चिकित्सक थे। ज़ुहर ने इस बीमारी का नाम अकिला रखा है, जिसका अर्थ है कि कुछ ऐसा है...
अबू बक्र मुहम्मद इब्ने ज़कारिया अल रज़ी दवा के लिए एक कठोर साक्ष्य-आधारित वैज्ञानिक दृष्टिकोण को लागू करने के शुरुआती पक्षधर थे। वे पहले व्यक्ति थे जिन्होंने चेचक और खसरे के बीच अंतर किया था और यह भी निष्कर्ष निकाला कि यह बीमारी जीवनकाल में केवल एक बार होती है। 865...
कोरोनावायरस महामारी ने पूरी दुनिया में हाहाकार मचा रखा है। मरने वालों की संख्या 60,000 तक पहुंच गई हैं। यदि दुनिया में मुस्लिमों के तीन आविष्कारो साबुन, अल्कोहल और क्वारंटाइन नहीं होते तो संख्या और भी अधिक होती। जीवाणुरोधी साबुन विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की वेबसाइट पर पहली सिफारिश के अनुसार,...
तुर्की सीरियल 'Diriliş Ertuğrul' दुनिया भर के मुसलमानों में सबसे पसंददीदा सीरियल में से एक है। 'Diriliş Ertuğrul' के पाँच सीजन है। लेकिन अब तक सीजन फ़र्स्ट को ही उर्दू में डब किया गया है। जो लॉक डाउन के बीच मुस्लिमों में सबसे ज्यादा देखा जा रहा है। https://www.youtube.com/watch?v=vjJtWNpGnlI&list=PLaf0-ZDt44X1rxMvOm6PuexLgrO2V0Zn_ ये सीरियल काई...